जीव हिंसा

जीव हिंसा करना परमात्मा के विधान का उल्लंघन करना है अतः जीव हिंसा करने वाले प्राणी की धर्मराज के दरबार में पिटाई होती है 

Popular posts from this blog

सद्भक्ति

सतभक्ति से अद्भुत लाभ

समाज सुधार